19 February 2025

WISDOM -----

  लघु कथा ----मुकुन्दी  नामक  एक  व्यक्ति  की   नसीर  नामक  एक  नाई  से  गहरी  मित्रता  हो  गई  l  संयोगवश  मुकुन्दी  को  उन्ही  दिनों  जुआ  खेलने  की  लत  पड़  गई  l  इसका  पता  जब  नसीर  को  लगा  तो  उसे  बहुत  दुःख  हुआ   और  वह  पांच -छह  दिन  उससे  मिलने  नहीं  गया   तो  एक  दिन  मुकुन्दी  उससे  मिलने  उसकी  दुकान  पर  गया  l  वहां  उसे  पता  चला  कि  नसीर  दरवाजे  के  पीछे  बैठा  रो  रहा  है  l  मुकुन्दी  ने  अपने  मित्र  से  उसके  रोने  का  कारण  पूछा  l  नसीर  ने  उत्तर  दिया  --- "  मित्र  !  मेरे  रोने  का  कारण  यही  है  कि  तुमने  जुआ  खेलना   आरंभ   कर  दिया  है  l  अब  लोग  तुम्हे  नहीं  , मुझे  धिक्कारेंगे  कि   एक   नाई    से  दोस्ती  होने  के  कारण  मुकुन्दी  ने  गलत  राह  पकड़  ली   l  इसलिए  या  तो  तुम  मुझसे  मित्रता  तोड़  दो   या  फिर  जुआ  खेलना  छोड़  दो  l  "  मुकुन्दी  पर  नसीर  की  बातों  का  गहरा  प्रभाव  पड़ा    और  उसने  उसी  दिन  से  जुआ  खेलना   छोड़  दिया  l   सच्चे  मित्र  का  यही  कर्तव्य  है  कि  वह  अपने  मित्र  को  सही  राह  दिखाए   और  सुख -दुःख  में  सका  साथ  दे  l